जोधपुर होटल में गहने चोरी: राजस्थान के जोधपुर में ज्वेलरी एग्जीबिशन में शामिल होने आए जयपुर के एक ज्वेलरी व्यवसायी के हीरे और सोने के आभूषण गायब होने का मामला सामने आया है। व्यवसायी के मुताबिक, वे अपने आभूषण होटल के कमरे की दराज में रखना भूल गए थे और चेकआउट करके जयपुर लौट गए। बाद में जब उन्हें गहने कमरे में छूटने का अहसास हुआ, तो होटल में संपर्क किया गया। शुरुआती जानकारी के अनुसार, उनके कमरे से निकलने के बाद होटल के कुछ कर्मचारी वहां दाखिल हुए थे। व्यवसायी ने सफाई कर्मचारी और सुपरवाइजर सहित होटल स्टाफ पर शक जताते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जोधपुर होटल में गहने चोरी का मामला क्या है?
मामला जोधपुर के रेडिसन होटल का बताया जा रहा है, जहां सितंबर 2026 में ज्वेलरी एग्जीबिशन आयोजित की गई थी। पुलिस को दी गई रिपोर्ट के अनुसार, जयपुर के श्याम नगर निवासी 63 वर्षीय प्रमोद कुमार मोसूण ने शिकायत दर्ज कराई है। वे जेकेजे एंड सन्स ज्वेलर्स के डायरेक्टर हैं। उनकी फर्म राजस्थान के अलग-अलग शहरों में ज्वेलरी एग्जीबिशन आयोजित करती है।
इसी सिलसिले में प्रमोद कुमार अपनी पत्नी और स्टाफ के साथ 17 सितंबर 2026 को जोधपुर पहुंचे थे। उन्होंने होटल के कमरा नंबर 215 में ठहरने की व्यवस्था की थी। यहां 18 से 20 सितंबर तक आयोजित ज्वेलरी एग्जीबिशन में उन्होंने हिस्सा लिया। व्यवसायी के अनुसार, उनके पास हीरे की एक अंगूठी, सोने की एक चेन, हीरे का एक पेंडल और सोने से जड़ी रुद्राक्ष की एक माला थी। वे इन आभूषणों को रात में सोने से पहले होटल के कमरे की दराज में रख देते थे और सुबह उठने के बाद पहन लेते थे।
चेकआउट के दौरान आभूषण पहनना भूल गए व्यवसायी
प्रमोद कुमार ने अपनी शिकायत में बताया कि 20 सितंबर की रात को भी उन्होंने रोजाना की तरह अपने सभी आभूषण कमरे की दराज में रख दिए थे। अगले दिन यानी 21 सितंबर की सुबह उन्हें होटल से चेकआउट करके जयपुर के लिए रवाना होना था।
चेकआउट की प्रक्रिया के दौरान अचानक उनके कुछ ग्राहक होटल पहुंच गए। ग्राहकों के साथ बातचीत और होटल से निकलने की जल्दबाजी में वे अपने कमरे की दराज में रखे आभूषण पहनना भूल गए। इसके बाद वे बिना गहने लिए ही जोधपुर से जयपुर के लिए रवाना हो गए।
जयपुर पहुंचने के बाद जब उन्हें याद आया कि उनके आभूषण होटल के कमरे में ही छूट गए हैं, तो उन्होंने तुरंत जोधपुर में मौजूद अपने एक अन्य कर्मचारी विनीत त्रिवेदी से संपर्क किया। उन्होंने विनीत को होटल जाकर आभूषणों का पता लगाने और सीसीटीवी फुटेज की जांच कराने के लिए कहा।
कमरे में दाखिल हुए होटल के कर्मचारी, CCTV फुटेज खंगाले
व्यवसायी के कहने पर विनीत त्रिवेदी जोधपुर के रेडिसन होटल पहुंचे। वहां उन्होंने कमरे में छूटे आभूषणों के बारे में जानकारी जुटाने और सीसीटीवी रिकॉर्डिंग देखने की कोशिश की।
शिकायत में सामने आई जानकारी के अनुसार, कमरा नंबर 215 खाली होने के बाद वहां होटल के सफाई कर्मचारी मनीष यादव, फॉगिंग स्टाफ के नीरज कुमार और सुपरवाइजर पंकज कुमार के प्रवेश करने की बात सामने आई।
कमरे में कर्मचारियों के दाखिल होने की जानकारी मिलने के बाद व्यवसायी को संदेह हुआ कि उनके आभूषण गायब होने के मामले में होटल के इन कर्मचारियों की भूमिका हो सकती है। उन्होंने इसी आधार पर पुलिस को शिकायत दी है।
हालांकि, केवल कमरे में प्रवेश करने के आधार पर किसी व्यक्ति को चोरी का दोषी नहीं ठहराया जा सकता। उपलब्ध जानकारी में यह स्पष्ट नहीं है कि सीसीटीवी फुटेज में आभूषण लेते हुए किसी व्यक्ति की तस्वीर सामने आई है या नहीं। यह भी स्पष्ट नहीं है कि पुलिस ने अब तक किसी कर्मचारी के खिलाफ चोरी का आरोप साबित किया है।
हीरे की अंगूठी से लेकर सोने की चेन तक गायब
व्यवसायी के अनुसार, उनके कमरे की दराज में रखे आभूषणों में हीरे की अंगूठी, सोने की चेन, हीरे का पेंडल और सोने से जड़ी रुद्राक्ष की माला शामिल थी। इन आभूषणों के गायब होने से उन्हें आर्थिक नुकसान होने की आशंका है।
शुरुआती जानकारी में चोरी हुए सामान की कीमत करोड़ों रुपये बताई जा रही है, लेकिन सभी आभूषणों का आधिकारिक मूल्यांकन और कुल नुकसान की सटीक राशि उपलब्ध जानकारी में स्पष्ट नहीं है। इस मामले में आभूषणों की वास्तविक कीमत, उनकी बरामदगी और घटना में किसी व्यक्ति की भूमिका की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस ने दर्ज की शिकायत, जांच जारी
जोधपुर होटल में गहने चोरी होने की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस के सामने अब यह पता लगाने की चुनौती है कि होटल के कमरे में छूटे आभूषण कब और किन परिस्थितियों में गायब हुए।
जांच के दौरान सीसीटीवी रिकॉर्डिंग, होटल में कर्मचारियों की आवाजाही और शिकायत में बताए गए घटनाक्रम जैसे पहलुओं की पड़ताल महत्वपूर्ण हो सकती है। साथ ही, यह भी पता लगाना होगा कि आभूषण वास्तव में कमरे से चोरी हुए या उनके गायब होने के पीछे कोई अन्य परिस्थिति थी।
फिलहाल उपलब्ध जानकारी के आधार पर यह नहीं कहा जा सकता कि चोरी किसने की। व्यवसायी ने होटल के कुछ कर्मचारियों पर संदेह जताया है, लेकिन उनकी भूमिका की पुष्टि जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही होगी।
होटल में कीमती सामान छोड़ते समय बरतें सावधानी
यह घटना होटल में ठहरने वाले यात्रियों और व्यवसायियों के लिए एक महत्वपूर्ण सावधानी का विषय भी है। यात्रा के दौरान गहने, नकदी, जरूरी दस्तावेज और अन्य कीमती सामान सुरक्षित रखने के साथ चेकआउट से पहले कमरे की अच्छी तरह जांच करना जरूरी है।
यदि कोई सामान होटल के कमरे में छूट जाता है, तो तुरंत होटल प्रबंधन से संपर्क करके उसकी जानकारी देनी चाहिए। कीमती वस्तु गायब होने की स्थिति में संबंधित पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराना भी जरूरी है।
फिलहाल जोधपुर के इस मामले में पुलिस जांच जारी है। अब देखना होगा कि जांच में आभूषणों के गायब होने की वजह क्या सामने आती है और व्यवसायी के गहनों का पता चल पाता है या नहीं।