लोकतंत्र और संविधान पर हमले के विरोध में जताया आक्रोश, विनोद जाखड़ की रिहाई की मांग
जालोर: मांडवला मेघवाल समाज सेवा समिति, 13 गांव परगना मांडवला की ओर से शुक्रवार को राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में हाल ही में देश के मुख्य न्यायाधीश (CJI) गवई पर जूता फेंकने की घटना को लोकतंत्र और संविधान पर हमला बताया गया।
समिति ने राजस्थान विश्वविद्यालय से विनोद जाखड़ की गिरफ्तारी को जबरन कार्रवाई करार देते हुए उनकी तुरंत रिहाई की मांग की। ज्ञापन में कहा गया कि देश के जाने-माने व्यक्ति सोनम वाईचूंग अपने क्षेत्र के अधिकारों के लिए आवाज उठा रहे हैं, जो उनका लोकतांत्रिक अधिकार है, लेकिन उन्हें जेल में डालना लोकतंत्र की हत्या के समान है।
समिति ने ऐसे सभी मामलों में न्यायपूर्ण कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि सरकार को अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करनी चाहिए।
इस अवसर पर समिति के अध्यक्ष सुरेश विराश, उपाध्यक्ष सुरेश सरदारगढ़, महासचिव भरत कुमार, मीडिया प्रभारी अजय चौहान सरदारगढ़, एडवोकेट रूपेश बोकडा, एडवोकेट तरुण गहलोत पहाड़पुर, देवेंद्र जी तीखी, भैरू मांडवला, अचलाराम पीजोपुरा, बलजी रटूजा, रमेश विरास सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।