मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि भरतपुर शहर के विकास कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा किया जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि शहर की बढ़ती आबादी और विस्तार को ध्यान में रखते हुए जन सुविधाओं के विस्तार की स्पष्ट कार्ययोजना बनाकर काम किया जाए।
मुख्यमंत्री कार्यालय में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान के मुख्य गेट का जीर्णोद्धार और नया एंट्री प्लाजा बनाने के निर्देश दिए ताकि पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं मिलें। उन्होंने विकास प्राधिकरण को शहर में फेज-1 के तहत पांच प्रमुख चौराहों के सुदृढ़ीकरण और सौंदर्यीकरण के लिए स्थानीय पहचान के अनुरूप मूर्तियां स्थापित करने का निर्देश दिया।
उन्होंने अधिकारियों को फेज-1 में घना रोड और शीशम तिराहा रोड का विस्तार कर ग्रीन रोड के रूप में विकसित करने, तथा शीशम तिराहा से हीरादास चौराहा, चांदपोल गेट से आरबीएम, आरबीएम से रीको ऑफिस, रेड क्रॉस से रेलवे स्टेशन, मानसिंह सर्किल से इकराम मोड़, गणेश मंदिर से 13 नंबर स्कीम, चावंड से 13 नंबर स्कीम, बिजली घर चौराहा से सारस होटल, अनाह गेट से चारभुजा तक के मार्गों पर डिवाइडर, चौड़ाईकरण, फुटपाथ, लाइट और यूटिलिटी डक विकास कार्य शीघ्र एवं गुणवत्ता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कलेक्टरेट, नगर निगम, अनाज मंडी, सरसों मंडी, जनाना अस्पताल, बस स्टैंड और बस डिपो के स्थानांतरण कार्यों को गति देने, जसवंत प्रदर्शनी मेला स्थल और कॉलेज ग्राउंड में खेल सुविधाओं के विकास, तथा सुजान गंगा में गंदे पानी की आवक रोकने के लिए ठोस कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए।
उन्होंने ऊर्जा विभाग को भूमिगत केबल कार्य को प्राथमिकता पर प्रारंभ करने, प्रमुख मंदिरों के पुनरुद्धार और जनसुविधाओं के विस्तार, पर्यटन स्थलों पर साइकिल ट्रैक, पार्किंग और अन्य विकास कार्य शीघ्र पूरा करने, प्रमुख लिंक सड़कों पर कार्य समयबद्ध पूरा करने और मास्टर ड्रेनेज फेज-1 के कार्य तेजी से पूर्ण करने के निर्देश दिए। बॉटनिकल पार्क, सैनिक स्कूल, झील का बाड़ा और कैलादेवी मंदिर के विकास कार्यों को भी गति देने और बीडीए को अपने सीमा क्षेत्र की पूरी लैंड बैंक तैयार करने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्यमंत्री कार्यालय के वरिष्ठ अधिकारी, पीडब्ल्यूडी, वित्त, पर्यटन, ऊर्जा, यूडीएच, स्वायत्त शासन के उच्चाधिकारी, भरतपुर जिला कलक्टर, नगर निगम और बीडीए सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।